सपनों की उड़ान से पहले ही टूटी जिंदगी की डोर, रिजल्ट से पहले सड़क हादसे में जीशान की मौत, अब 10वीं में फर्स्ट डिवीजन से पास…@

407 अंक हासिल किए; बहन ने भी किया शानदार प्रदर्शन, लेकिन परिवार में खुशियां नही पसरा मातम
कशिश न्यूज | सीपत
नियति का खेल कभी-कभी इतना कठोर होता है कि खुशियों के बीच भी गहरा सन्नाटा छोड़ जाता है। मोहम्मद जीशान ने कक्षा 10वीं में 407 अंक हासिल कर फर्स्ट डिवीजन से परीक्षा उत्तीर्ण की, लेकिन इस सफलता का जश्न मनाने के लिए वह इस दुनिया में नहीं रहा।

छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा बुधवार को घोषित 10वीं-12वीं के परीक्षा परिणाम में जहां छात्र-छात्राएं अपनी सफलता का जश्न मना रहे थे, वहीं जीशान के घर में खुशी की जगह गम का माहौल पसरा रहा। माता-पिता, भाई-बहन की आंखों में गर्व तो था, लेकिन उससे कहीं ज्यादा अपने बेटे को खोने का दर्द।
जीशान शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खम्हरिया का छात्र था। पढ़ाई के साथ-साथ वह खेलों में भी प्रतिभाशाली था। एक उभरते क्रिकेटर के रूप में उसने कई राज्यों में जाकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया था और भविष्य में बड़ा खिलाड़ी बनने का सपना देख रहा था। दुर्भाग्य से 28 मार्च की रात घर से कुछ दूरी पर हुए एक सड़क हादसे में उसकी मौत हो गई। इस घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया था।

परिवार के लिए एक और भावुक पल यह रहा कि जीशान की बहन जरीन फातिमा ने भी इसी स्कूल से 10वीं में फर्स्ट डिवीजन से सफलता हासिल की। भाई-बहन की यह संयुक्त उपलब्धि आज गर्व का कारण तो है, लेकिन जीशान की अनुपस्थिति इस खुशी को अधूरा बना रही है।जीशान की सफलता आज उसकी मेहनत और सपनों की गवाही दे रही है, लेकिन उसकी कमी हर दिल को यह एहसास करा रही है कि कुछ जख्म ऐसे होते हैं, जिन्हें वक्त भी नहीं भर पाता।
