भारी विरोध के बीच जनसुनवाई औपचारिकताएं पूरी, ग्रामीण बोले, विकास के नाम पर परोसा जा रहा प्रदूषण नही चाहिए चौथी कोलवाशरी…@

कशिश न्यूज़ | सीपत
एनटीपीसी सीपत से प्रभावित ग्राम रलिया-भिलाई में प्रस्तावित अरपा कोल बेनिफिकेशन ग्रीन फील्ड लिमिटेड की कोलवाशरी को लेकर सोमवार को जयरामनगर खैरा स्टेडियम में आयोजित जनसुनवाई विरोध के सुरों में डूबी रही। नाराज ग्रामीणों ने नारेबाजी करते हुए बहिष्कार कर दिया और साफ कहा की एक और कोलवाशरी का मतलब है जीवन और जमीन दोनों की बर्बादी। जनसुनवाई स्थल पर खाली पड़ी कुर्सियां इस बात की गवाह बनीं कि जनता ने प्रशासन की इस कवायद को पूरी तरह नकार दिया। इसके बावजूद पर्यावरण प्रदूषण मंडल के अफसरों ने ग्रामीणों की आपत्तियों को दरकिनार कर खानापूर्ति कर दी और जनसुनवाई की औपचारिकता पूरी कर ली।
पहले से ही राखड़ डैम और खदानों से तबाह जिंदगी
ग्रामीणों ने दो टूक कहा कि पहले से ही राखड़ डैम, कोलवाशरी और क्रशर खदानों ने जिंदगी नरक बना दी है। सांस लेना दूभर हो गया है, पानी का स्तर लगातार नीचे जा रहा है, खेतों में राखड़ भर रही है और घरों तक धूल पहुंच रही है। अब नया वाशरी शुरू हुआ तो हालात और बद से बदतर होंगे। हजारों एकड़ उपजाऊ जमीन बंजर हो जाएगी, फसलें चौपट होंगी और मिट्टी की उर्वरता खत्म हो जाएगी। ग्रामीणों ने कहा जिन जमीनों से हम पेट भरते हैं, वही जमीन अब प्रदूषण से बंजर हो जाएगी। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि प्रशासन और कंपनियां मिलकर इस पूरे क्षेत्र को इंडस्ट्रियल जोन में बदलने की साजिश कर रही हैं। किसानों और आम लोगों को न फायदा मिल रहा है, न रोजगार, बल्कि सिर्फ नुकसान और प्रदूषण झेलना पड़ रहा है।

182 आवेदन पहुंचे, प्रक्रिया पूरी कर प्रशासन ने झाड़ा पल्ला
जनसुनवाई में जिला प्रशासन की ओर से प्रभारी अधिकारी शिव बनर्जी मौजूद रहे। उन्होंने बताया कि पक्ष और विपक्ष दोनों तरफ से कुल 182 आवेदन मिले हैं, जिन्हें लिपिबद्ध कर पर्यावरण प्रदूषण मंडल को भेजा जाएगा। ग्रामीणों का कहना है कि यह सब कागजी खानापूर्ति है, असल में उनकी आवाज़ दबा दी जाएगी।
ग्रामीणों की चेतावनी,अब और प्रदूषण नहीं सहेंगे
कोलवाशरी के जनसुनवाई के विरोध में जनपद पंचायत सभापति मनोज खरे, रलिया के किसान लाकेश पटेल, पूर्व सरपंच किशोर भार्गव और कांग्रेस नेता राजू सूर्यवंशी समेत कई लोगों ने साफ कहा कि ग्रामीण अब और प्रदूषण का बोझ नहीं उठाएंगे। यदि प्रशासन और कंपनियां जबरन नया वाशरी खोलती हैं तो वे बड़े आंदोलन के लिए तैयार हैं।
पंडाल के बाहर रुपये बांटते पकड़े गए लोग, मचा बवाल
जनसुनवाई पंडाल के बाहर खुले मैदान में कोलवाशरी प्रबंधन के लोग एक नेता के इशारे पर युवाओं को 1000-1000 रुपये देकर समर्थन में आवेदन की कॉपी पर हस्ताक्षर करवा रहे थे। यह नजारा देख रलिया के किसान लाकेश पटेल, भाजपा नेता अभिलेश यादव, कांग्रेस नेता उमेश कश्यप और बेकटुकरी सरपंच प्रतिनिधि रामेश्वर साहू सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने जोरदार हंगामा मचा दिया और कोलवाशरी के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। हंगामे में भीड़ बढ़ते देख नेता के इशारे पर रुपये बांटने वाले लोग भाग खड़े हुए। ग्रामीणों ने उनका पीछा किया, लेकिन पुलिस को बीच में आकर हालात संभालने पड़े।