थाना परिसर में लगेगा जन दर्शन शिविर: 72 गांवों के लोग रख सकेंगे अपनी शिकायतें, जुहली की बहादुर महिलाएं बनेंगी ‘महिला कमांडो’ एसएसपी करेंगे सम्मानित

आयोजन जनसंवाद और समाज सुधार का अनूठा संगम साबित होगा
कशिश न्यूज | बिलासपुर
थाना स्तर पर पुलिस और आम जनता के बीच सीधे संवाद और त्वरित समाधान की दिशा में एक बड़ी पहल करते हुए सीपत थाना परिसर में सोमवार को ‘शिकायत एवं निवारण शिविर’ का आयोजन किया जाएगा। सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक चलने वाले इस जनदर्शन शिविर में थाना क्षेत्र के 72 गांवों से नागरिक पहुंचकर अपनी समस्याएं खुलकर पुलिस के सामने रख सकेंगे।

थाना प्रभारी गोपाल सतपथी ने बताया कि एसएसपी रजनेश सिंह के निर्देश पर पहली बार इस तरह का शिविर सीपत थाना में आयोजित हो रहा है, जिसमें आम लोगों से सीधे आवेदन लेकर मौके पर ही निराकरण की कोशिश की जाएगी। इसके लिए अलग से काउंटर भी लगाया जाएगा, जहां पर शिकायती आवेदन दे सकेंगे साथ ही तुरंत संबंधित बिट प्रभारी और विवेचकों के समक्ष प्रस्तुत कर कार्रवाई की जाएगी।

शिविर में एसएसपी रजनेश सिंह, एडिशनल एसपी (ग्रामीण) अर्चना झा एवं सीएसपी सिद्धार्थ बघेल स्वयं मौजूद रहेंगे और फरियादियों से सीधे संवाद कर समस्याओं को समझेंगे। निश्चित ही यह आयोजन केवल पुलिस की जवाबदेही का प्रतीक नहीं, बल्कि समाज और कानून के बीच भरोसे की एक नई शुरुआत भी होगा।
लंबित मामलों का होगा त्वरित निपटारा
शिविर के दौरान पुराने शिकायतों, अपराध व मार्ग से जुड़े प्रकरणों और आपसी पारिवारिक विवादों का समाधान शिविर स्थल पर ही करने की कोशिश की जाएगी। साथ ही कई मामलों में काउंसलिंग के जरिए समाधान का रास्ता निकाला जाएगा।

जुहली की महिलाएं बनेंगी ‘महिला कमांडो’
कार्यक्रम के विशेष आकर्षण में वनांचल ग्राम जुहली की उन साहसी महिलाओं को ‘महिला कमांडो’ का दर्जा देकर सम्मानित किया जाएगा, जिन्होंने बीते चार वर्षों से गांव में पूर्ण शराबबंदी को सफलतापूर्वक लागू कर एक सामाजिक आंदोलन की शक्ल दी है।

इन महिलाओं को आई कार्ड, डंडा और सिटी प्रदान कर अधिकारिक मान्यता दी जाएगी। एसएसपी रजनेश सिंह स्वयं इन्हें सम्मानित करेंगे। महिला कमांडो की यह टीम न सिर्फ जुहली में शराबबंदी की प्रहरी बनी है, बल्कि उनके प्रयासों से आसपास के गांवों में भी जागरूकता का माहौल बना है।
थाना प्रभारी गोपाल सतपथी के मार्गदर्शन में इस आंदोलन ने एक सशक्त सामाजिक उदाहरण पेश किया है, जिसकी अब जिले भर में चर्चा हो रही है।
महिला सशक्तिकरण और जनसंवाद का अनोखा संगम
यह शिविर एक तरफ जहां आम लोगों को न्याय की तत्कालिक सुनवाई का मंच देगा, वहीं दूसरी ओर महिला सशक्तिकरण की भी मिसाल बनेगा। जुहली की महिलाएं समाज में बदलाव की प्रेरणा के रूप में उभर रही हैं और अब ‘महिला कमांडो’ की पहचान के साथ वे गांव-गांव नशामुक्ति की अलख जगाएंगी।