मां-बेटे की दर्दनाक मौत से ग्रामीणों में आक्रोश: सीपत-बिलासपुर मुख्यमार्ग में तीन घंटे चक्काजाम, स्पीड ब्रेकर और ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई की मांग

रिश्तेदार के घर से कथा सुनकर वापस गांव लौट रहे थे अधिकारियों के आश्वासन के बाद चक्का जाम समाप्त हुआ
कशिश न्यूज़ |बिलासपुर
तेज रफ्तार अज्ञात ट्रेलर ने मां-बेटे की जान ले ली, परिवार का उजाला बुझ गया। हादसे के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने शुक्रवार रात तीन घंटे तक चक्काजाम कर दिया। मामला सीपत थाना क्षेत्र के ग्राम पंधी का है। मृतक अपने रिश्तेदार के यहां कथा कार्यक्रम से लौट रहे थे।
जानकारी के अनुसार, जांजी निवासी सकुन बाई क्षत्रिय (50) अपने बेटे हरीश सिंह उर्फ दद्दो (28) के साथ बाइक (क्रमांक CG10 BE 4651) से बिलासपुर से लौट रही थीं। रात करीब 9:20 बजे यादव ढाबा के पास तेज रफ्तार अज्ञात वाहन ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि मां-बेटे की मौके पर ही मौत हो गई।
ग्रामीणों ने किया चक्का जाम, उठाई ये मांगें
घटना की जानकारी मिलते ही सैकड़ों ग्रामीण व परिजन मौके पर पहुंचे और शव के साथ सीपत-बिलासपुर मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। उन्होंने ओवरलोड और ओवरस्पीड वाहनों पर कार्रवाई, सड़क पर स्पीड ब्रेकर और मृतकों को मुआवजा देने की मांग की। जाम के चलते दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं।
तीन घंटे मशक्कत के बाद खुला रास्ता
सूचना मिलने पर तहसीलदार सोनू अग्रवाल, ट्रैफिक एएसपी रामगोपाल करियारे, सीएसपी सिद्धार्थ बघेल और सीपत पुलिस मौके पर पहुंचे। तीन घंटे की मशक्कत के बाद रात 12:30 बजे जाम समाप्त हुआ। अधिकारियों ने तत्काल सहायता स्वरूप 25-25 हजार रुपये देने और शीघ्र ही स्पीड ब्रेकर निर्माण व ओवरलोड वाहनों पर कार्रवाई का आश्वासन दिया।
पत्नी के माथे से सिंदूर बेटे के सर से पिता का साया तो बाप का सहारा छीन गया
हरीश सिंह की शादी गांव में ही दो साल पहले श्रद्धा सिंह से हुई थी। जिसके माथे से सिंदूर उजड़ गई उनका 9 माह का बेटा वैभव अब पिता की छांव से वंचित हो गया। वहीं, पिता गोपाल सिंह का यह इकलौता सहारा भी छिन गया। पहले ही बड़े बेटे की 6 साल पहले करंट से मौत हो चुकी है।
ट्रेलर की तलाश में जुटी पुलिस
सीपत पुलिस ने अज्ञात वाहन की तलाश शुरू कर दी है। सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। शवों को पीएचसी सीपत मर्चुरी में रखवाया गया है, जहां पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा जाएगा।
सड़क हादसों को रोकने ग्रामीणों को मिलेगी ट्रेनिंग
ट्रैफिक एएसपी रामगोपाल करियारे ने बताया कि गांवों में ट्रैफिक मित्र बनाए जाएंगे और उन्हें यातायात नियमों की जानकारी दी जाएगी ताकि ग्रामीणों को जागरूक किया जा सके। इससे भविष्य में हादसों की रोकथाम संभव होगी।