IPL के साथ ऑनलाइन सट्टा का बाजार गर्म: “महादेव बुक” का जाल, सरकार पर सवालों की बौछार

“कल आरोप, आज चुप्पी” अंकित गौरहा ने भाजपा पर लगाया दोहरे रवैये का आरोप
कशिश न्यूज़ | बिलासपुर
आईपीएल के आगाज़ के साथ ही प्रदेश में ऑनलाइन सट्टा कारोबार ने एक बार फिर रफ्तार पकड़ ली है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर महादेव बुक जैसे नेटवर्क के विज्ञापन खुलेआम प्रसारित हो रहे हैं, जहां आईपीएल मैचों में आईडी देने के नाम पर लोगों को जोड़ा जा रहा है। मोबाइल नंबर, व्हाट्सएप संपर्क और यूपीआई पेमेंट के जरिए यह पूरा नेटवर्क बेखौफ तरीके से संचालित हो रहा है, मानो कानून का कोई डर ही न हो।

कांग्रेस नेता अंकित गौरहा ने कहा कि भाजपा ने पहले जिन मुद्दों को उठाया, आज उसी पर चुप्पी साध ली है। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान में सट्टा कारोबार और तेजी से फैल रहा है, जबकि सरकार मूकदर्शक बनी हुई है। उन्होंने सवाल उठाया कि इस जाल में फंसकर युवा अपना भविष्य बर्बाद कर रहे हैं। आखिर इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा..?

सोशल मीडिया बना सटोरियों का खुला बाजार
फेसबुक, व्हाट्सएप और इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म अब सट्टे के अड्डों में तब्दील होते नजर आ रहे हैं। यहां खुलेआम विज्ञापन देकर लोगों को लुभाया जा रहा है और गूगल पे, फोन पे, पेटीएम जैसे डिजिटल माध्यमों से लेन-देन कराया जा रहा है। ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि इतनी खुली गतिविधियों के बावजूद जिम्मेदार एजेंसियां आखिर कर क्या रही हैं?
“कल आरोप, आज चुप्पी” भाजपा पर दोहरे रवैये का आरोप
जब छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार थी, तब भाजपा नेताओं ने “महादेव सट्टा” को लेकर जोरदार विरोध किया था और आरोप लगाए थे कि इस अवैध कारोबार को राजनीतिक संरक्षण मिल रहा है। लेकिन अब जब सत्ता भाजपा के हाथ में है, वही मुद्दा ठंडे बस्ते में जाता दिख रहा है। क्या तब के आरोप सिर्फ राजनीतिक बयानबाजी थे..?

युवाओं पर खतरा, सिस्टम मौन
ऑनलाइन सट्टा सिर्फ अवैध कारोबार नहीं, बल्कि सामाजिक संकट बनता जा रहा है। आसान पैसे के लालच में युवा इसकी गिरफ्त में आ रहे हैं। हार के बाद कई लोग अवसाद, आत्महत्या या अपराध की राह तक पकड़ रहे हैं। इसके बावजूद प्रशासन और सरकार की चुप्पी इस पूरे मामले को और गंभीर बना रही है।
सवाल बड़ा है …क्या सरकार इस पर सख्त कार्रवाई करेगी, या फिर यह अवैध नेटवर्क ऐसे ही फलता-फूलता रहेगा..?
